WEBVTT

00:00:00.080 --> 00:00:03.597
नमस्कार दोस्तों। दोस्तों, यूक्रेन
के राष्ट्रपति जेलस्की पहुंचे हुए हैं

00:00:03.680 --> 00:00:06.077
न्यूयॉर्क क्योंकि वहां पर यूनाइटेड नेशन

00:00:06.160 --> 00:00:09.357
जनरल असेंबली का 81 सेशन स्टार्ट हो चुका

00:00:09.440 --> 00:00:13.597
है और दुनिया भर के जो लीडर्स हैं आते
हैं वहां पर अपनी बात रखते हैं। साथ ही साथ

00:00:13.680 --> 00:00:17.597
जेलस्की वहां की जो मीडिया है उनसे
भी बातचीत कर रहे हैं और उसी के दौरान

00:00:17.680 --> 00:00:19.997
उन्होंने भारत और रशिया के रिलेशंस को

00:00:20.080 --> 00:00:21.997
लेकर काफी कुछ कहा। आप देख सकते हो खबर।

00:00:22.080 --> 00:00:25.357
रशिया इज बेसिंग इट्स इकॉनमी ऑन इंडिया।

00:00:25.440 --> 00:00:27.597
यहां पर जेलस्की ये कहना चाह रहे थे कि

00:00:27.680 --> 00:00:31.117
रशिया आज के डेट में भारत से बहुत ज्यादा

00:00:31.200 --> 00:00:33.757
मदद ले रहा है। अगर भारत रशिया की मदद

00:00:33.840 --> 00:00:36.317
करना बंद कर दे तो यहां पर यूक्रेन वॉर

00:00:36.400 --> 00:00:40.797
रुक सकता है। मतलब डायरेक्टली पूरा का
पूरा जो ठीकरा है वो भारत के ऊपर डालने की

00:00:40.880 --> 00:00:44.557
कोशिश की जा रही है। तो इसको हम थोड़ा
सा डिटेल में देखेंगे और साथ ही साथ जब

00:00:44.640 --> 00:00:48.877
यूनाइटेड नेशन की जनरल असेंबली में
उन्होंने बोला तो उसमें भी कई वार्निंग

00:00:48.960 --> 00:00:52.717
दिए भारत को। तो इसको बारे में आपको
बताऊंगा। चलिए आगे बढ़ते हैं। लेकिन उससे

00:00:52.800 --> 00:00:55.757
पहले आप सबको बता दूं कि आज रात 12:00 बजे

00:00:55.840 --> 00:01:00.157
तक आप हमारे किसी भी स्किल बेस्ड कोर्स
को ले सकते हैं। जहां पर आपको एक्स्ट्रा

00:01:00.240 --> 00:01:04.237
डिस्काउंट मिल रहा है। जैसे इंडस्ट्री में
आजकल डाटा एनालिटिक्स की काफी डिमांड है।

00:01:04.320 --> 00:01:07.997
वो आप अवेल कर सकते हो। या फिर अगर आप
एआई सीखना चाहते हैं। किसी भी फील्ड में

00:01:08.080 --> 00:01:11.757
स्टूडेंट हैं, बिजनेस कर रहे हैं। अगर
आप एआई का सही यूज़ करना चाहते हैं, तो यह

00:01:11.840 --> 00:01:16.157
पूरा 10 हफ्ते का कोर्स होगा। 60 आवर्स
की लाइव क्लासेस होंगी। या फिर डिजिटल

00:01:16.240 --> 00:01:20.317
मार्केटिंग विद ए। ये सब कुछ आपको बहुत कम
दाम पर मिल रहा है। लिंक कमेंट सेक्शन में

00:01:20.400 --> 00:01:24.077
दिया हुआ है। यूज़ करिएगा कोड अंकित लाइव
मैक्सिमम डिस्काउंट के लिए। और यह फोन

00:01:24.160 --> 00:01:27.757
नंबर है। कोई डाउट है, प्रॉब्लम है,
बैच को लेकर इस पे कॉल करिए। मेरी टीम आपको

00:01:27.840 --> 00:01:30.077
गाइड कर देगी। चलिए शुरुआत करते हैं। सबसे

00:01:30.160 --> 00:01:31.997
पहले देखते हैं कि हुआ क्या है। देखिए

00:01:32.080 --> 00:01:35.197
व्लादमीर जेलस्की उन्होंने यहां पर यह कहा

00:01:35.280 --> 00:01:37.837
है कि रशिया की जो एबिलिटी है यूक्रेन वॉर

00:01:37.920 --> 00:01:40.477
में पार्टिसिपेट करने की यह काफी हद तक

00:01:40.560 --> 00:01:43.277
एनर्जी रेवेन्यू से कनेक्टेड है। उनका यह

00:01:43.360 --> 00:01:45.597
कहना है कि दुनिया के बहुत सारे ऐसे देश

00:01:45.680 --> 00:01:48.637
हैं जो रशिया से अभी भी ऑयल ले रहे हैं।

00:01:48.720 --> 00:01:51.197
एनर्जी खरीद रहे हैं। जैसे भारत, चाइना,

00:01:51.280 --> 00:01:54.957
टर्की और अगर ये देश यहां पर ऑयल खरीदना

00:01:55.040 --> 00:01:59.837
बंद कर दें तो एक प्रकार से रशिया के लिए
इस वॉर में कंटिन्यू करना काफी मुश्किल हो

00:01:59.920 --> 00:02:04.317
जाएगा। तो यहां पर समझने की कोशिश करनी
है कि जेलस्की भारत को स्पेसिफिकली क्यों

00:02:04.400 --> 00:02:08.317
टारगेट कर रहे हैं। क्योंकि उनका ये कहना
है कि रशिया को बहुत सारा फॉरेन एक्सचेंज

00:02:08.400 --> 00:02:10.957
जो रेवेन्यू है वो क्रूड ऑयल, पेट्रोलियम

00:02:11.040 --> 00:02:15.757
प्रोडक्ट्स, नेचुरल गैस बाकी के कमोडिटीज
बेचकर मिलता है। तो यूक्रेन का आर्गुमेंट

00:02:15.840 --> 00:02:17.677
यही है कि रशिया की जो एनर्जी एक्सपोर्ट

00:02:17.760 --> 00:02:20.717
का रेवेन्यू है अगर वो हम खत्म कर दें तो

00:02:20.800 --> 00:02:23.437
एक प्रकार से यूक्रेन को काफी मदद होगी।

00:02:23.520 --> 00:02:25.517
अच्छा यहां पर यह बात भी सही है कि अगर आप

00:02:25.600 --> 00:02:28.877
देखोगे भारत जो है रशिया का काफी बड़ा

00:02:28.960 --> 00:02:30.637
इंपॉर्टेंट पार्टनर बन गया है ऑयल के

00:02:30.720 --> 00:02:33.357
मामले में। 2022 में जब यह पूरा वॉर

00:02:33.440 --> 00:02:36.637
स्टार्ट हुआ था उसके पहले भारत हार्डली 1%

00:02:36.720 --> 00:02:41.517
भी ऑयल नहीं खरीद पाता था रशिया से। हम
बाकी और देशों से खरीदते थे स्पेशली मिडिल

00:02:41.600 --> 00:02:46.237
ईस्ट से। लेकिन रशिया से हमारा ऑयल
इंपोर्ट बहुत कम था। लेकिन होता क्या है

00:02:46.320 --> 00:02:50.317
कि यहां पर वॉर स्टार्ट होता है। सेंशंस
लगाया जाता है रशिया के ऊपर। अब रशिया के

00:02:50.400 --> 00:02:54.557
ऊपर भी प्रेशर हो गया क्योंकि वो यूरोप
को ऑयल बेच नहीं पा रहा था तो कहीं ना कहीं

00:02:54.640 --> 00:02:59.197
उसको ऑयल बेचना था और उसने डिस्काउंट भी
दिया। अब भारत के लिए भी अपॉर्चुनिटी हो

00:02:59.280 --> 00:03:03.437
गई भारत ही नहीं चाइना टर्की बहुत से
देशों के लिए कि भाई सस्ते में ऑयल मिल

00:03:03.520 --> 00:03:05.597
रहा है तो क्यों नहीं खरीदेंगे? तो इसी को

00:03:05.680 --> 00:03:08.237
देखते हुए भारत ने अपना आज के डेट में जो

00:03:08.320 --> 00:03:11.677
ऑयल का सोर्स है रशिया एक मेजर पार्टनर बन

00:03:11.760 --> 00:03:14.877
गया है। मतलब आज के डेट में 35% से ज्यादा

00:03:14.960 --> 00:03:17.837
जो ऑयल है वो अकेले हम रशिया से मंगा रहे

00:03:17.920 --> 00:03:20.317
हैं। और उसी के बाद से आप देखोगे तो मेजर

00:03:20.400 --> 00:03:23.197
क्रूड सप्लायर बन गया भारत का रशिया। तो

00:03:23.280 --> 00:03:25.357
यूक्रेन के पर्सपेक्टिव में भारत कोई

00:03:25.440 --> 00:03:27.517
छोटा-मोटा बायर नहीं है। यह एक बहुत ही

00:03:27.600 --> 00:03:30.237
इंपॉर्टेंट पार्ट बन चुका है रशिया के ऑयल

00:03:30.320 --> 00:03:32.557
ट्रेड स्ट्रक्चर का। अच्छा इसको देखते हुए

00:03:32.640 --> 00:03:34.717
रशिया ने भी काउंटर किया। जैसे ही जेलस्की

00:03:34.800 --> 00:03:37.997
की तरफ से ये स्टेटमेंट आया यहां पर भारत

00:03:38.080 --> 00:03:40.317
के बचाव में भी रशिया आया। तो अगर आप

00:03:40.400 --> 00:03:42.397
देखोगे रशिया का क्या कहना है? रशिया के

00:03:42.480 --> 00:03:45.917
यह कहना है कि देखिए भारत रशिया के वॉर

00:03:46.000 --> 00:03:48.557
में मदद नहीं कर रहा है। भारत तो सिंपली

00:03:48.640 --> 00:03:50.877
अपनी जो एनर्जी रिक्वायरमेंट है उसको

00:03:50.960 --> 00:03:53.197
फुलफिल करने की कोशिश कर रहा है। जो रशियन

00:03:53.280 --> 00:03:56.157
एंबेसडर हैं टू इंडिया उन्होंने यहां पर

00:03:56.240 --> 00:03:58.157
ये आर्गुमेंट रखा कि देखिए भारत का जो

00:03:58.240 --> 00:04:00.797
परचेस है इट इज़ ड्रिवन बाय इट्स ओन नेशनल

00:04:00.880 --> 00:04:03.517
डेवलपमेंट एंड एनर्जी रिक्वायरमेंट रादर

00:04:03.600 --> 00:04:06.797
देन एन इंटेंशन टू सपोर्ट मॉस्को। मतलब

00:04:06.880 --> 00:04:09.117
यहां पर भारत इसलिए ऑयल थोड़ी खरीद रहा है

00:04:09.200 --> 00:04:11.677
कि रशिया जो है वो यूक्रेन के ऊपर अटैक

00:04:11.760 --> 00:04:14.317
करे। इट इज सिंपली बिकॉज़ कि हमारे यहां पर

00:04:14.400 --> 00:04:18.957
इतनी बड़ी आबादी और भारत ये आर्गुमेंट
बार-बार देता आया है कि हमें काफी सारा

00:04:19.040 --> 00:04:23.357
पेट्रोल चाहिए, डीजल चाहिए, एवोल्यूशन,
फ्यूल, एलपीजी चाहिए। हम सब चीजों के ऊपर

00:04:23.440 --> 00:04:27.277
डिपेंडेंट है। तो भारत का जो इंपोर्ट
है लार्ज प्रपोर्शन ऑफ क्रूड ऑयल

00:04:27.360 --> 00:04:29.357
रिक्वायरमेंट के थ्रू होता है। एंड दैट इज

00:04:29.440 --> 00:04:31.837
व्हाई भारत क्या देखेगा? सरकार यही देखेगी

00:04:31.920 --> 00:04:34.317
कि जहां पर सस्ता मिल रहा है क्रूड ऑयल

00:04:34.400 --> 00:04:37.517
वहां से खरीदो। क्यों अगर कोई हमें ₹80

00:04:37.600 --> 00:04:40.317
में दे रहा है और वहीं बाकी जगह पर ₹100

00:04:40.400 --> 00:04:43.037
में अवेलेबल है तो हम ₹80 वाला क्यों नहीं

00:04:43.120 --> 00:04:47.437
खरीदेंगे? तो दैट इज व्हाई ये भारत का
आर्गुमेंट आया। अच्छा स्पेशली 2026 में ये

00:04:47.520 --> 00:04:49.117
और ज्यादा इंपॉर्टेंट हो जाता है। नाउ

00:04:49.200 --> 00:04:52.157
जस्ट इमेजिन अगर हम आज के डेट में सिर्फ

00:04:52.240 --> 00:04:56.477
मिडिल ईस्ट से ऑयल खरीद रहे होते। तो
कैन यू इमेजिन आज हमारी क्या हालत हो रही

00:04:56.560 --> 00:05:00.157
होती। स्पेशली स्टेट ऑफ होमस में देखिए
कितनी प्रॉब्लम है। स्टेट ऑफ़ होरमूस

00:05:00.240 --> 00:05:02.957
छोड़िए। अभी आपने देखा होगा बाबेलमैन जो

00:05:03.040 --> 00:05:06.237
सऊदी अरब और यमन के बीच में पूरा जो होतीज़

00:05:06.320 --> 00:05:10.717
हैं उनके बीच में वॉर स्टार्ट हुआ। तो
हर तरफ प्रॉब्लम चल रही है। अगर हम सिर्फ

00:05:10.800 --> 00:05:14.637
मिडिल ईस्ट के ऊपर ही कुछ ही देशों
के ऊपर डिपेंडेंट होते तो ये हमारे लिए

00:05:14.720 --> 00:05:19.197
कॉम्प्लिकेट हो जाता। प्रॉब्लम आ जाता।
तो भारत ने भी सोचा एक तो हमें यहां पर

00:05:19.280 --> 00:05:23.357
डायवर्सिफाई करने का मौका मिल रहा है और
साथ ही साथ सस्ते में ऑयल मिल रहा है। तो

00:05:23.440 --> 00:05:26.957
हम क्यों नहीं खरीदेंगे? तो रशिया
का आर्गुमेंट यही है कि भारत अपना

00:05:27.040 --> 00:05:31.517
डायवर्सिफिकेशन कर रहा है। अगर हम रशिया
से आज के डेट में 35-40% ऑयल मंगा रहे

00:05:31.600 --> 00:05:33.837
हैं। इराक से 20% मंगा रहे हैं। सऊदी अरब

00:05:33.920 --> 00:05:36.637
से 15%, यूएई से 10% तो ये अलग-अलग

00:05:36.720 --> 00:05:38.797
सोर्सेस से मंगा रहे हैं। अगर कहीं एक जगह

00:05:38.880 --> 00:05:41.757
पर डिसररप्शन आता है तो अचानक से भारत को

00:05:41.840 --> 00:05:44.717
इंपैक्ट नहीं करेगा। अदरवाइज भारत मिडिल

00:05:44.800 --> 00:05:46.717
ईस्ट के ऊपर फिर बहुत ज्यादा डिपेंडेंट हो

00:05:46.800 --> 00:05:49.917
जाता। और देखिए ऐसा नहीं है कि भारत सिर्फ

00:05:50.000 --> 00:05:54.237
यही देख रहा है कि क्योंकि रशिया हमारा
क्लोजेस्ट पार्टनर है। काफी लंबे समय से

00:05:54.320 --> 00:05:58.557
साथ दिया है तो सिर्फ हम उसकी वजह से नहीं
ले रहे हैं। आपको मैं एग्जांपल बताता हूं।

00:05:58.640 --> 00:06:00.477
अभी अगस्त के महीने में क्या हुआ था?

00:06:00.560 --> 00:06:02.477
रशिया से जो हम क्रूड ऑयल ले रहे थे

00:06:02.560 --> 00:06:06.557
लगातार उसमें कमी भी आई है। लगभग 16.5%

00:06:06.640 --> 00:06:08.477
क्रूड ऑयल में गिरावट आई है। जो हमने

00:06:08.560 --> 00:06:10.397
जुलाई में जितना क्रूड ऑयल लिया था रशिया

00:06:10.480 --> 00:06:13.757
से उससे लगभग 16 1/2% हमने कम लिया है।

00:06:13.840 --> 00:06:16.957
व्हिच इज़ अराउंड 2.1 मिलियन बैरल्स पर डे।

00:06:17.040 --> 00:06:18.877
और सेप्टेंबर का आंकड़ा मैं आपको बता दूं।

00:06:18.960 --> 00:06:20.957
अभी तक जो आंकड़ा आया है वो पहुंच चुका है

00:06:21.040 --> 00:06:24.077
1.9 मिलियन बैरल्स पर डे। मतलब देखो सिंपल

00:06:24.160 --> 00:06:26.557
सी बात है। अगर रशिया से ऑयल खरीदना हमारे

00:06:26.640 --> 00:06:31.197
लिए सस्ता पड़ेगा। हमारे लिए इकोनॉमिकली
फीज़बल होगा। तो हम ऑयल लेंगे। जिस दिन

00:06:31.280 --> 00:06:35.597
रशिया भी हमारे लिए महंगा हो जाएगा बहुत
मुश्किल हो जाएगा तो हम ऑयल खरीदना बंद कर

00:06:35.680 --> 00:06:40.157
देंगे। सिंपल सी चीज है। अच्छा यहां पर एक
और इंटरेस्टिंग जो फैक्टर अभी सामने हमारे

00:06:40.240 --> 00:06:44.637
वो है यूएस का फैक्टर। आप सब जानते हो
यूएस ने रिसेंटली एक बिल पास किया और यह

00:06:44.720 --> 00:06:47.037
कह दिया कि जो भी कंट्री रशिया का ऑयल

00:06:47.120 --> 00:06:51.757
खरीदेगा हम उसके ऊपर 100% तक टेरिफ लगा
सकते हैं और ट्रंप ने इस बिल पर साइन भी

00:06:51.840 --> 00:06:56.477
कर दिया है। मतलब अब ट्रंप के पास पावर
आ गई है कि वो कभी भी भारत के ऊपर प्रेशर

00:06:56.560 --> 00:07:01.197
बना सकता है। चाइना के ऊपर प्रेशर बना
सकता है कि हम यहां पर 100% टेररिफ लगा

00:07:01.280 --> 00:07:05.837
देंगे। और आप देख ही रहे हो कि अभी शी
जिनपिंग जो है ट्रंप से मुलाकात कर ही रहे

00:07:05.920 --> 00:07:09.917
हैं। तो ये बहुत सारी चीजों को लेकर
डिस्कशन होगा। हो सकता है कि शी जिनपिंग

00:07:10.000 --> 00:07:12.157
के आने के पहले ये एक प्रेशर टैक्टिक्स की

00:07:12.240 --> 00:07:14.477
तरह अपनाया गया होगा अमेरिका के द्वारा कि

00:07:14.560 --> 00:07:17.037
जल्दी से बिल पास करा दो और धमकाने की

00:07:17.120 --> 00:07:19.677
कोशिश करो। तो एक प्रकार से देखो भारत जो

00:07:19.760 --> 00:07:24.157
है वो इन सभी प्रेशर्स के बीच में है। एक
तरफ यूक्रेन कह रहा है कि रशिया से ऑयल मत

00:07:24.240 --> 00:07:28.317
लो। रशिया कह रहा है कि भारत लेगा अगर
उसको रिक्वायरमेंट है। अमेरिका कह रहा है

00:07:28.400 --> 00:07:32.637
कि अगर लोगे तो हम टेरिफ लगाएंगे। तो भारत
को इन सभी चीजों को बैलेंस करना है। अच्छा

00:07:32.720 --> 00:07:36.557
भारत का रिस्पांस क्या है? को अभी कोई
स्पेशली अलग से भारत ने रिसोंड नहीं किया

00:07:36.640 --> 00:07:40.317
है। लेकिन जो एक्सटर्नल अफेयर्स
मिनिस्टर हैं एस जयशंकर साहब उन्होंने यही

00:07:40.400 --> 00:07:43.277
आर्गुमेंट दिया था कि हम अगर मान लो कल के

00:07:43.360 --> 00:07:45.277
डेट में ऑयल खरीदना बंद भी कर देते हैं

00:07:45.360 --> 00:07:47.917
रशिया से तो आपको क्या लगता है कि यहां पर

00:07:48.000 --> 00:07:50.877
क्या रशिया यूक्रेन वॉर एंड हो जाएगा? एस

00:07:50.960 --> 00:07:55.037
जयशंकर साहब का कहना है कि वॉर इस
तरह खत्म नहीं होते। वॉर खत्म होता है

00:07:55.120 --> 00:07:59.917
नेगोशिएशंस के थ्रू और डिप्लोमेसी के थ्रू
ना कि एक देश अगर सामने वाले देश से ऑयल

00:08:00.000 --> 00:08:04.317
खरीदना या फिर कोई कमोडिटी खरीदना बंद कर
दे तो वॉर रुक जाएगा। ऐसे होता नहीं है।

00:08:04.400 --> 00:08:08.637
और इनफैक्ट भारत का एक ये भी काउंटर
आर्गुमेंट है कि देखो मान लो अगर हम रशिया

00:08:08.720 --> 00:08:12.557
से ऑइल नहीं खरीदते हैं तो हमें दूसरे
मार्केट में लेना होगा, मिडिल ईस्ट में

00:08:12.640 --> 00:08:17.117
लेना होगा, वेनेजुएला और बाकी देशों पर
जाना होगा। अब अगर हम वहां पर जाएंगे तो

00:08:17.200 --> 00:08:20.717
इसका मतलब वहां पर डिमांड बढ़ेगी और
सप्लाई तो उतनी है नहीं। तो अल्टीमेटली

00:08:20.800 --> 00:08:24.637
होगा क्या कि ऑयल के प्राइसेस और बढ़ेंगे।
ऑयल के प्राइस बढ़ेंगे तो अमेरिका में भी

00:08:24.720 --> 00:08:28.637
इनफ्लेशन आएगा। पूरी दुनिया के ऊपर आएगा।
तो ये पूरी दुनिया की इकॉनमी के लिए अच्छा

00:08:28.720 --> 00:08:31.597
नहीं है कि आप जानबूझकर जो ऑयल की सप्लाई

00:08:31.680 --> 00:08:35.757
है उसको स्क्वीज़ करना चाह रहे हो। अचानक
से रशिया का ऑयल मार्केट से गायब हो जाए

00:08:35.840 --> 00:08:38.477
इमेजिन तो कितनी बड़ी संकट आ सकती है। तो

00:08:38.560 --> 00:08:41.037
भारत इसी चीज को लगातार फोकस कर रहा है।

00:08:41.120 --> 00:08:45.517
अच्छा ये तो आर्गुमेंट था ही। साथ ही
साथ जेलस्की ने यूनाइटेड नेशंस की जनरल

00:08:45.600 --> 00:08:47.837
असेंबली में यहां पर अपनी बातें रखी और

00:08:47.920 --> 00:08:49.997
उसमें डायरेक्टली भारतीयों को वार्निंग

00:08:50.080 --> 00:08:52.637
दी। चेतावनी दी। देखो यहां पर उनका यह

00:08:52.720 --> 00:08:55.837
कहना है कि रशिया जो है वो करीब 47

00:08:55.920 --> 00:08:58.717
कंट्रीज से लोगों को ला रहा है और इस वॉर

00:08:58.800 --> 00:09:00.957
में धकेल रहा है। चाहे भारत है, नेपाल है,

00:09:01.040 --> 00:09:03.517
घाना, ताजाकिस्तान, यमन, केन्या बहुत सारे

00:09:03.600 --> 00:09:05.917
देशों से। उनका आर्गुमेंट यह है कि यह जो

00:09:06.000 --> 00:09:09.517
लोग हैं वो बहला फुसला के जो है इन लोगों

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को वॉर में धकेलने की कोशिश करते हैं।
डिसेप्ट करने की कोशिश करते हैं। और जहां

00:09:14.000 --> 00:09:19.117
तक ये बात है वो सही भी है। अगर आप देखोगे
खुद भारत सरकार ने माना है। अभी जो फॉरेन

00:09:19.200 --> 00:09:20.797
सेक्रेटरी हैं विक्रम मिश्री जी उन्होंने

00:09:20.880 --> 00:09:23.757
सितंबर 2026 में ये स्टेटमेंट दिया था कि

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227 इंडियन नेशनल्स उनको रिक्रूट किया गया

00:09:27.120 --> 00:09:29.437
था रशियन आर्म्ड फोर्सेस में। जिसमें से

00:09:29.520 --> 00:09:32.637
139 को डिस्चार्ज किया जा चुका है और 51

00:09:32.720 --> 00:09:36.957
ऑलरेडी मारे जा चुके हैं। तो इंडियन
गवर्नमेंट खुद इस चीज को एकनॉलेज करती है

00:09:37.040 --> 00:09:40.637
कि हां कुछ गड़बड़ी चल रही है, प्रॉब्लम
चल रहा है और हमें इसको रोकने की जरूरत है

00:09:40.720 --> 00:09:45.197
और भारत भी रशिया के साथ लगातार इस पर
बातचीत करता रहता है। और इनफैक्ट अगर आप

00:09:45.280 --> 00:09:48.957
देखोगे तो सवाल ये आता है कि भारतीय कैसे
पहुंच जा रहे हैं रशियन मिलिट्री में।

00:09:49.040 --> 00:09:53.357
देखो यहां पर ऐसा नहीं है कि जो भारतीय
वहां पर जा रहे हैं उनको यह बोला जा रहा

00:09:53.440 --> 00:09:57.677
है कि आपको यूक्रेन के साथ वॉर लड़ना
है। उनको दिखाया जा रहा है कि आप सिविलियन

00:09:57.760 --> 00:10:01.437
एंप्लॉयमेंट के लिए जा रहे हो। वहां पर
आपके लिए अपॉर्चुनिटी है। लेकिन यहां पर

00:10:01.520 --> 00:10:03.917
हाई सैलरीज का बहाना देकर, बोनसेस का

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बहाना देकर, सोशल बेनिफिट का बहाना देकर

00:10:06.320 --> 00:10:10.957
अल्टीमेटली उनको यूक्रेन वॉर में धकेला
जाता है। और जहां तक सवाल है कि रशिया को

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फॉरेन फाइटर्स की क्यों आवश्यकता है?

00:10:13.040 --> 00:10:15.677
जाहिर सी बात है कि रशिया भी बहुत ज्यादा

00:10:15.760 --> 00:10:20.157
अपने खुद रशियंस के ऊपर डिपेंड नहीं हो
सकता क्योंकि ये वॉर बहुत लंबा खींच चुका

00:10:20.240 --> 00:10:22.237
है। सोच के देखो 4 साल से ऊपर हो चुके हैं

00:10:22.320 --> 00:10:27.357
4 1/2 साल और कब तक ये चलेगा कुछ किसी को
पता नहीं। तो रशियन सिटीजंस तो लड़ ही रहे

00:10:27.440 --> 00:10:30.957
हैं। प्लस साथ ही साथ वॉलंटियर्स,
कॉन्ट्रैक्ट सोल्जर्स, फॉरेन रिक्रूट्स

00:10:31.040 --> 00:10:33.037
बहुत सारी चीजों के थ्रू रशिया जो है

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लोगों को रिक्रूट करता है ताकि उस वॉर में

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रशिया की मदद मिल सके। तो जो फॉरेन
रिक्रूटमेंट है इसकी वजह से रशिया को कई

00:10:40.160 --> 00:10:43.757
हेल्प मिलता है। एक तो जो प्रेशर है
डोमेस्टिक रिक्रूटमेंट पर वो कम हो जाता

00:10:43.840 --> 00:10:48.557
है। मैन पावर की शॉर्टेजेस फिल हो जाती
है। बैटल फील्ड स्ट्रेंथ मेंटेन रहता है

00:10:48.640 --> 00:10:50.637
रशिया का। तो दैट इज व्हाई रशिया लगातार

00:10:50.720 --> 00:10:53.597
फॉरेन फाइटर्स को चाहता है। और जहां तक

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भारत का सवाल है लास्ट में ध्यान रखिएगा।

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हमारा डिप्लोमेटिक पोजीशन इंटरेस्टिंग है

00:10:57.840 --> 00:11:00.797
वो यही है कि हम दोनों रशिया और यूक्रेन

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के साथ रिलेशंस मेंटेन करते हैं। रशिया के
साथ तो करते ही हमारा रिलेशंस काफी अच्छा

00:11:05.280 --> 00:11:09.117
है। यह तो आप सब जानते हो। साथ ही साथ
यूक्रेन के साथ भी डायलॉग की हम बात करते

00:11:09.200 --> 00:11:13.037
हैं और यही कहते हैं कि देखो यहां पर
पीसफुल रेोल्यूशन होना चाहिए। एस जयशंकर

00:11:13.120 --> 00:11:17.677
साहब ने भी रिसेंटली मुलाकात किया था और
यही कहा था कि दिस इज़ नॉट एन एरा ऑफ़ वॉर।

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मतलब अगेन हम भी चाहते हैं कि ये जो वॉर
है वो पूरी तरह से खत्म हो। क्योंकि वॉर

00:11:21.600 --> 00:11:25.517
खत्म होगा तो इससे ओवरऑल ग्लोबल इकॉनमी को
ही फायदा है। देखते हैं अब आगे इसको लेकर

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क्या होता है। बट आई होप कि ये जो भी
कुछ हुआ ये इंसिडेंट ज़ंस्की ने जिस तरह से

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वार्निंग दी क्या था वो सब कुछ आपको समझ
में आ गया होगा। और जाने से पहले एक बहुत

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ही इंटरेस्टिंग क्वेश्चन क्या आप बता सकते

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हो इनमें से कितने ऐसे देश हैं जिनकी लैंड

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बाउंड्री यूक्रेन और रशिया दोनों के साथ

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सटती है दोनों के साथ शेयर होती है और
इसका जो राइट आंसर है आप सब जानते हो मेरे

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Instagram पर तो मिलेगा ही वहां पर अगर आप
नहीं हो कोई बात नहीं tlegram से ले सकते

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हैं इसका सही उत्तर और दोस्तों जैसा मैंने
आपको बताया आज रात 12:00 बजे तक हमारे जो

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स्किल बेस्ड कोर्सर्सेस हैं उसके ऊपर
जो ऑफर है उसका फायदा उठाइए चाहे डाटा

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एनालिटिक्स है ji फॉर भारत जिसमें
60 आवर्स की लाइव क्लासेस है डिजिटल

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मार्केटिंग वि कोई भी कोर्स जो आपको पसंद

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हो लीजिए। लिंक कमेंट सेक्शन में दिया है।
वहां पर जाइए और सारी और डिटेल मिल जाएगी

00:12:08.800 --> 00:12:12.477
कि किस तरह से आप अपने स्किल को बढ़ा
सकते हैं। और यह फोन नंबर है। कोई डाउट है,

00:12:12.560 --> 00:12:16.317
प्रॉब्लम है बैच को लेकर इस पर कॉल
करिए। यूज करिए कोड अंकित लाइव मैक्सिमम

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डिस्काउंट के लिए।

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स्टडी आईक्यू आईएस [संगीत] आपका सिलेक्शन

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हमारा मिशन।
